☀ 5:43 AM–6:34 PM
☾ 5:15 AM–6:37 PM
शके विकृत 1932
विक्रमी (उत्तर) शोभकृत 2067
विक्रमी (गुजरात) शुभकृत 2066
अयन: उत्तरायण
ऋतू: ग्रीष्म, वैदिक ऋतू: वसंत
निज वैशाख कृष्ण पक्ष
ति: अमावस्या 4:44 PM, प्रतिपदा
न: रोहिणी 9:48 AM, मृगशिरा
यो: शूल 13 जून 1:02 AM, गंड
क: नाग 4:44 PM, किंस्तुघ्न 13 जून 3:40 AM, बव
सूर्य वृषभ
चंद्र मिथुन 9:11 PM पासून
रा.का: 8:56 AM–10:32 AM
यम: 1:45 PM–3:21 PM
गुळी: 5:43 AM–7:19 AM
अभि: 11:43 AM–12:34 PM
अ.का: 6:43 AM–8:16 AM, 13 जून 12:09 AM–1:40 AM
दुर्मु: 5:43 AM–7:26 AM
व: 3:05 PM–4:36 PM
बाण रोग (समाप्त 6:54 AM IST)
सायन सूर्य मिथुन
सूर्य नक्षत्र मृगशिरा
दिक्शूल: पूर्व
काल वास: पूर्व
राहु वास: पूर्व
अग्निवास: पाताळात समाप्त 4:44 PM
अग्निवास: स्वर्गात पुढील सूर्योदय समाप्त
नक्षत्र शूल: पश्चिम 11 जून 10:42 AM पासून 9:48 AM पर्यंत
चंद्र वास: दक्षिण समाप्त 9:11 PM
चंद्र वास: पश्चिम पासून 9:11 PM
अमृत सिद्धि योग 11 जून 10:42 AM पासून 9:48 AM पर्यंत
सर्वार्थ सिद्धि योग: 11 जून 10:42 AM पासून 9:48 AM पर्यंत
विवाह चक्र केंद्र, नेत्रम्: 0, जीवनम्: 0, योगिनी: ईशान्य
उदय लग्न वृषभ शिल्लक: 12:15 AM
होमाहुती: केतू समाप्त 9:48 AM
होमाहुती: सूर्य
कलश चक्र: कंठ(+) समाप्त 9:48 AM
कलश चक्र: मुख(-)
श्राद्ध तिथि अमावस्या
वटसावित्री (उत्तर भारत) · शनी जयंती
अमावस्या तर्पण · शनैश्चरी अमावस्या · अन्वाधान