☀ 6:31 AM–6:15 PM
☾ 3:29 AM–3:07 PM
शक संवत विक्रम 1922
विक्रमी (उत्तर) विजय 2057
विक्रमी (गुजरात) विजय 2057
अयन: उत्तरायण
ऋतु: वसन्त, वैदिक ऋतु: शिशिर
माघ कृष्ण पक्ष
तमिल मासी/7
ति: द्वादशी 20 फरवरी 6:04 AM, त्रयोदशी
न: पूर्वाषाढ़ा 8:06 PM, उत्तराषाढ़ा
यो: सिद्धि 7:12 PM, व्यतीपात
क: कौलव 4:42 PM, तैतिल 20 फरवरी 6:04 AM, गर
सूर्य कुंभ
चंद्रमा मकर 20 फरवरी 2:53 AM से
रा.का: 7:59 AM–9:27 AM
यम: 10:55 AM–12:23 PM
गुळि: 1:51 PM–3:19 PM
अभि: 11:59 AM–12:46 PM
अ.का: 2:41 PM–4:29 PM
दुर्मु: 12:46 PM–1:33 PM, 3:07 PM–3:54 PM
व: 20 फरवरी 5:09 AM–6:58 AM
बाण चोर (समाप्त 4:43 PM IST)
सायन सूर्य मीन
सूर्य नक्षत्र धनिष्ठा 8:47 AM
दिक्शूल: पूर्व
काल वास: उत्तर पश्चिम
राहु वास: उत्तर
अग्निवास: पाताल में समाप्त 20 फरवरी 6:04 AM
अग्निवास: पृथ्वी पर अगले सूर्योदय समाप्त
चंद्र वास: पूर्व समाप्त 20 फरवरी 2:53 AM
चंद्र वास: दक्षिण से 20 फरवरी 2:53 AM
मृत्यु योग: 18 फरवरी 5:00 PM से 8:06 PM तक
विवाह चक्र उत्तर पूर्व, नेत्रम्: 0, जीवनम्: 1/4, योगिनी: दक्षिण पश्चिम
उदय लग्न कुंभ शेष: 1:21 AM
होमाहुति: केतु समाप्त 8:47 AM
होमाहुति: राहु समाप्त 8:06 PM
होमाहुति: केतु
कलश चक्र: कंठ(+) समाप्त 8:47 AM
कलश चक्र: तल(+) समाप्त 8:06 PM
कलश चक्र: कंठ(+)
श्राद्ध तिथि द्वादशी
एकादशी पारणा: 1:33 PM के बाद